स्मार्ट सिटी की सख्त शर्तों से अजमेर के छोटे ठेकेदार नाराज। निगम आयुक्त को लिखा पत्र।
=====

केन्द्र सरकार की स्मार्ट सिटी योजना के कार्यों को करवाने वाली एजेंसी नगर निगम ने छोटे कार्यों के लिए भी जो सख्त शर्तें निर्धारित की है, उनसे अजमेर के छोटे ठेकेदार नाराज है। निगम आयुक्त को लिखे पत्र में ठेकेदार नौरतमल खंडेलवाल, लक्ष्मीनारायण शर्मा, श्यामसुंदर अग्रवाल, कपिल खंडेलवाल, रामगोपाल शर्मा, विजय तंवर आदि ने लिखा कि एक दो बड़े ठेकेदारों को ही फायदा पहुंचाने के लिए टेंडर की शर्ते बनाई गई हैं। सुभाष उद्यान और आनासागर पाथवे पर बनने वाले फूडकोर्ट में सुरक्षा पार्किंग, मिनी टाॅयट्रेन,पेंडल बोट आदि के कार्यों के लिए दो करोड़ रुपए के वार्षिक टर्नओवर की शर्तें हैं। इसी प्रकार मिनमन नेटवर्क 50 लाख रुपए रखा गया है। ऐसी अनेक सख्त शर्तों की वजह से अजमेर के छोटे ठेकेदार टेंडर प्रक्रिया में भाग नहीं ले पा रहे हैं। जबकि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मंशा स्मार्ट सिटी परियोजना में स्थानीय लोगों को रोजगार देने की है। पत्र में मांग की गई है कि टेंडर की शर्तों को शिथिल बनाया जाए ताकि छोटे ठेकेदार भी रोजगार प्राप्त कर सके। वहीं इस संबंध में निगम के आयुक्त हिमांशू गुप्ता का कहना है कि टेंडर की शर्तों का निर्धारण समार्ट सिटी बोर्ड की बैठक में हुआ है।